Become a member

Get the best offers and updates relating to Liberty Case News.

― Advertisement ―

spot_img

स्वतंत्र भारद्वाज को एक दिन की पुलिस कस्टडी में भेजा गया, हिंदू संगठन के लोगों ने किया विरोध प्रदर्शन, जानें मामला

स्वतंत्र भारद्वाज को एक दिन की पुलिस कस्टडी में भेजा गया है। वहीं दूसरी तरफ हिंदू संगठन के लोगों ने दिल्ली में थाने के...
HomeNewsमल्लिकार्जुन खड़गे 'शुमामले द्धिकरण' में उत्तराखंड बीजेपी नेताओं के खिलाफ बेंगलुरु में...

मल्लिकार्जुन खड़गे ‘शुमामले द्धिकरण’ में उत्तराखंड बीजेपी नेताओं के खिलाफ बेंगलुरु में दर्ज हुई ज़ीरो FIR

बेंगलुरु पुलिस ने मल्लिकार्जुन खरगे की रैली के बाद कथित ‘शुद्धिकरण अनुष्ठान’ को लेकर उत्तराखंड बीजेपी सदस्यों के खिलाफ ज़ीरो FIR दर्ज की है।
बेंगलुरु पुलिस ने शुक्रवार को उत्तराखंड भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के कई सदस्यों और पदाधिकारियों के खिलाफ ज़ीरो FIR दर्ज की। यह FIR कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा संबोधित रैली स्थल पर कथित तौर पर किए गए “शुद्धिकरण अनुष्ठान” के आरोपों के बाद दर्ज की गई। यह शिकायत इंडियन नेशनल कांग्रेस के ST विभाग (आदिवासी कांग्रेस) के पूर्व उपाध्यक्ष टी.आर. रामप्पा (65) ने दर्ज कराई थी।

हल्द्वानी में हुई थी घटना

शिकायत के अनुसार, मल्लिकार्जुन खरगे ने 8 अगस्त को उत्तराखंड के नैनीताल जिले के हल्द्वानी में रामलीला मैदान में एक शांतिपूर्ण जनसभा को संबोधित किया था। शिकायतकर्ता का आरोप है कि 10 अगस्त को स्थानीय बीजेपी पदाधिकारियों ने उस जगह पर एक अनुष्ठानिक सफाई (शुद्धिकरण) का आयोजन किया। उन्होंने कहा कि यह काम जानबूझकर जातिवादी सोच को बढ़ावा देने के लिए किया गया था, ताकि यह दिखाया जा सके कि मल्लिकार्जुन खरगे (जो अनुसूचित जाति समुदाय से आते हैं) की मौजूदगी के कारण मैदान “अपवित्र” हो गया था।

शिकायत में उत्तराखंड बीजेपी अध्यक्ष महेंद्र भट्ट का भी नाम

शिकायत में उत्तराखंड बीजेपी अध्यक्ष महेंद्र भट्ट का भी विशेष रूप से नाम लिया गया है। आरोप है कि उन्होंने मीडिया के सामने दिए बयानों में सार्वजनिक रूप से इस अनुष्ठान का बचाव और समर्थन किया, जिससे भेदभावपूर्ण व्यवहार को आधिकारिक समर्थन मिला।

इन धाराओं में दर्ज हुआ मामला

विधान सौधा पुलिस ने नागरिक अधिकार संरक्षण अधिनियम, 1955 की धारा 7(1)(c), 7(1)(d) और 7(1); अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम, 1989 की धारा 3(1)(u); और भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 196(1)(b) के तहत केस दर्ज किया है। पुलिस अधिकारियों ने पुष्टि की कि 31 अगस्त को मिली लिखित शिकायत पर कानूनी राय लेने के बाद ज़ीरो FIR दर्ज की गई। आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।

इससे पहले राहुल गांधी ने प्रेस कांफ्रेंस कर मल्लिकार्जुन खरगे की उत्तराखंड में हुई सभा के बाद शुद्धिकरण का मुद्दा उठाया था। उन्होंने आरोपियों के खिलाफ एससी और एसटी एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज करने की मांग की थी। राहुल ने बीजेपी और आरएसएस पर निशाना साधा और कहा कि समाज में हर कदम पर दलितों के साथ भेदभाव होता है।