बच्चे अभी लगभग 15 से 17 किलोमीटर चल चुके हैं। बच्चों का कहना है कि वह कलेक्टर से मिलकर ही वापस लौटेंगे। हालांकि, अब तक कलेक्टर मैडम बच्चों से मिलने नहीं आई हैं।
सेंधवा के जामली स्थित एकलव्य आदर्श विद्यालय के सैकड़ों छात्र-छात्राएं अपनी समस्याओं को लेकर बड़वानी कलेक्टर जयंती सिंह से मिलने के लिए पैदल रवाना हो गए हैं। बच्चों का आरोप है कि विद्यालय में मूलभूत सुविधाओं का अभाव है और उन्हें जातिसूचक शब्दों से प्रताड़ित किया जा रहा है। सूचना मिलते ही एसडीएम और एसडीओपी सहित प्रशासनिक अधिकारी बच्चों को समझाने के लिए मौके पर पहुंचे, लेकिन छात्र-छात्राएं अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं।
बच्चे अब तक करीब 17 किलोमीटर का सफर तय कर चुके हैं। वह सुबह 7:00 से निकले थे, लेकिन अभी तक कलेक्टर मैडम उनसे मिलने नहीं आईं। सेंधवा के एसडीएम, बड़वानी के एडिशनल एसपी और तीन थानों (सेंधवा, जुलवानिया और नांगलवाड़ी) का पुलिस बल मौके पर पहुंच कर बच्चों को समझने का प्रयास कर रहा है।
डॉक्टर भी मौके पर बुलाए
बच्चों की नाराजगी को देखते हुए सेंधवा एसडीएम आशीष के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग की टीम को भी मौके पर बुलाया गया है। वहीं, सुरक्षा के मद्देनजर सेंधवा ग्रामीण थाना और नागलवाड़ी थाना पुलिस भी बच्चों के साथ मौजूद है।
छात्रों के आरोप
जामली के एकलव्य आदर्श विद्यालय से शुरू हुआ छात्र-छात्राओं का यह पैदल मार्च अब करीब 17 किलोमीटर तक पहुंच चुका है। बच्चों का कहना है कि विद्यालय में उन्हें जरूरी मूलभूत सुविधाएं नहीं मिल रही हैं, वहीं जातिसूचक शब्दों से प्रताड़ित किए जाने का भी आरोप लगाया है। प्रशासनिक अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर बच्चों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन छात्र-छात्राएं कलेक्टर से मुलाकात की मांग पर अड़े हुए हैं। बच्चों की संख्या और लगातार पैदल चलने को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग की टीम को मौके पर बुलाया गया है। सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस बल भी तैनात है। फिलहाल प्रशासन बच्चों को समझाने का प्रयास कर रहा है, लेकिन छात्र-छात्राएं अपनी मांगों को लेकर पीछे हटने को तैयार नहीं हैं।
भोपाल के नीलम पार्क में शिक्षकों का धरना
भोपाल में शिक्षक अभ्यर्थी चार दिन से अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे हुए हैं। ये अभ्यर्थी शिक्षक भर्ती 2025 के वर्ग-2 और वर्ग-3 में पदवृद्धि की मांग कर रहे हैं। अभ्यर्थियों की बड़ी संख्या को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और पुलिस बल मौके पर तैनात हैं और स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। 2023 में हुए शिक्षक भर्ती वर्ग-1 के 1000 से ज्यादा वेटिंग अभ्यर्थी भी आज सड़कों पर उतरकर प्रोटेस्ट करने वाले हैं।


