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सोशल मीडिया की आलोचनाओं पर भड़के टीम इंडिया के बॉलिंग कोच, बोले- खिलाड़ी के मानसिक थकान को इग्नोर न करें

व्यस्त शेड्यूल के बीच टीम इंडिया के गेंदबाजी कोच मोर्ने मोर्कल ने खिलाड़ियों का बचाव किया है। उन्होंने कहा है कि लगातार क्रिकेट खेलने से होने वाली मानसिक थकान को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए, क्योंकि वे भी इंसान हैं।
भारत और वेस्टइंडीज के बीच टी20 सीरीज का आखिरी मैच आज बेंगलुरु के एम चिन्नास्वामी स्टेडियम में खेला जाएगा। इस मैच से पहले टीम इंडिया के बॉलिंग कोच मोर्ने मोर्केल ने टीम इंडिया के बॉलर्स को डिफेंड किया है। मोर्कल ने व्यस्त इंटरनेशनल शेड्यूल के बीच गेंदबाजों के प्रदर्शन का बचाव करते हुए कहा कि खिलाड़ियों की मानसिक थकान को अक्सर नजरअंदाज कर दिया जाता है। मोर्कल ने गेंदबाजों के प्रदर्शन की आलोचना करते समय भी संयम बरतने की अपील की।
मोर्ने मोर्केल ने की मानसिक थकान को लेकर बात
मोर्ने मोर्कल का कहना है कि लगातार मैच खेलने और यात्रा करने की वजह से खिलाड़ियों पर मानसिक दबाव और थकान बहुत बढ़ जाती है, जिसे अक्सर लोग नजरअंदाज कर देते हैं। उन्होंने बताया कि पिछले कुछ समय से खिलाड़ियों का शेड्यूल बेहद व्यस्त रहा है वे लगातार द्विपक्षीय सीरीज खेलने के साथ-साथ जापान में हुए एशियन गेम्स और वेस्टइंडीज के खिलाफ टी20 सीरीज में भी शामिल रहे हैं। कई बार तो खिलाड़ियों को एक मैच या मीटिंग के तुरंत बाद दूसरी जगह भागना पड़ता है। मोर्कल का मानना है कि मैदान पर बेहतरीन प्रदर्शन के लिए खिलाड़ियों का मानसिक रूप से तरोताजा और शांत रहना बहुत जरूरी है, इसलिए हमें उनकी इस मानसिक थकान को समझते हुए उनके आराम का भी ध्यान रखना चाहिए।

खिलाड़ियों को आराम मिलना बेहद जरूरी- मोर्केल
मोर्ने मोर्केल ने कहा कि कुछ खिलाड़ी एशियन गेम्स में हिस्सा लेने के बाद सीधे वेस्टइंडीज के खिलाफ सीरीज खेलने पहुंच गए। इसके बाद उन्हें प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से मुलाकात के लिए दिल्ली जाना पड़ा और फिर अगली सुबह वापस लौटकर मैच की तैयारी करनी पड़ी। ये खिलाड़ी भी इंसान हैं। भारतीय गेंदबाजी कोच ने कहा कि खिलाड़ियों से सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन हासिल करने के लिए मैचों के बीच पर्याप्त आराम और उबरने का समय मिलना बेहद जरूरी है। अच्छी नींद और मानसिक रूप से तरोताजा रहने से खिलाड़ी अपनी तकनीक और कौशल का बेहतर इस्तेमाल कर पाते हैं।

वेस्टइंडीज के खिलाफ इस सीरीज में पिचें गेंदबाजों के लिए बहुत सपाट पिच रही है, जहां विकेट लेना आसान नहीं होता। इन चुनौतियों को मानते हुए भारत के गेंदबाजी कोच मोर्ने मोर्कल ने अपने गेंदबाजों से साफ कहा है कि वे पुरानी गलतियों को भूल जाएं और मुश्किल समय में बहुत सोच-समझकर और बुद्धिमानी से गेंदबाजी करें। उन्होंने खिलाड़ियों के साथ इस बारे में खास बातचीत भी की है। फिलहाल सीरीज 2-2 की बराबरी पर है, यानी अब जो टीम आखिरी और फाइनल मैच जीतेगी, सीरीज भी उसी के नाम हो जाएगी।