Become a member

Get the best offers and updates relating to Liberty Case News.

― Advertisement ―

spot_img

देश भर में हाइवे बनाने की रफ्तार पर लगा ब्रेक! 629 राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाएं लेट, जानिए क्यों रुका हुआ है काम?

सरकार के सामने अब राष्ट्रीय राजमार्ग (NH) परियोजनाओं की धीमी रफ्तार बड़ी चुनौती बनकर उभरी है। संसद में दी गई जानकारी के मुताबिक, देश...
HomeNewsBusinessदेश भर में हाइवे बनाने की रफ्तार पर लगा ब्रेक! 629 राष्ट्रीय...

देश भर में हाइवे बनाने की रफ्तार पर लगा ब्रेक! 629 राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाएं लेट, जानिए क्यों रुका हुआ है काम?

सरकार के सामने अब राष्ट्रीय राजमार्ग (NH) परियोजनाओं की धीमी रफ्तार बड़ी चुनौती बनकर उभरी है। संसद में दी गई जानकारी के मुताबिक, देश में निर्माणाधीन 1,191 राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं में से 629 परियोजनाएं अपनी तय समय-सीमा से पीछे चल रही हैं।
देशभर में एक्सप्रेसवे और नेशनल हाइवे का तेजी से विस्तार किया जा रहा है, लेकिन कई बड़े प्रोजेक्ट तय समय पर पूरे नहीं हो पा रहे हैं। संसद में सरकार की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक, इस समय निर्माणाधीन 1,191 राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं में से 629 प्रोजेक्ट अपनी तय समय-सीमा से पीछे चल रहे हैं। यानी आधे से ज्यादा हाइवे प्रोजेक्ट देरी का सामना कर रहे हैं। हालांकि सरकार ने इन परियोजनाओं में देरी की कोई खास वजह नहीं बताई है।

केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने राज्यसभा में लिखित जवाब में बताया कि देशभर में फिलहाल 1,191 राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं पर काम चल रहा है। इनमें से 629 परियोजनाएं अपनी मूल समय-सीमा के भीतर पूरी नहीं हो सकीं और अब निर्धारित शेड्यूल से आगे निकल चुकी हैं। हालांकि सरकार ने यह स्पष्ट नहीं किया कि इन प्रोजेक्ट्स में देरी किन कारणों से हुई।

खराब काम करने वाले 103 ठेकेदारों पर कार्रवाई
सरकार ने यह भी बताया कि राष्ट्रीय राजमार्गों के निर्माण में खराब क्वालिटी मिलने पर सख्त कदम उठाए जा रहे हैं। वर्ष 2023-24 से 2025-26 के बीच कुल 103 ठेकेदारों और कंसेशनेयर्स को खराब निर्माण कार्य के कारण ब्लैकलिस्ट या दंडित किया गया है। सरकार का कहना है कि सड़क निर्माण की क्वालिटी से किसी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा।

देशभर में लागू होगा एडवांस ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम
सरकार ने चार लेन और उससे अधिक चौड़ाई वाले करीब 52,647 किलोमीटर लंबे राष्ट्रीय राजमार्गों और एक्सप्रेसवे पर एडवांस ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (ATMS) लागू करने की प्लानिंग भी शेयर की है। इसके तहत स्थानीय, क्षेत्रीय और राष्ट्रीय स्तर पर कमांड एंड कंट्रोल सेंटर बनाए जाएंगे, जहां से ट्रैफिक, दुर्घटनाओं और आपात स्थिति की निगरानी की जाएगी। साथ ही पूरे देश में एक यूनिफाइड ATMS सॉफ्टवेयर प्लेटफॉर्म भी लागू किया जाएगा।

AI से चिन्हित हुए 6,358 ब्लैक कॉरिडोर
सड़क सुरक्षा को बेहतर बनाने के लिए सरकार ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की मदद से देशभर में 6,358 ब्लैक कॉरिडोर की पहचान की है। ये ऐसे सड़क मार्ग हैं जहां लगातार गंभीर सड़क दुर्घटनाएं और मौतें होती रही हैं। सरकार का कहना है कि इन स्थानों पर सुरक्षा उपायों को मजबूत करने के लिए लगातार काम किया जा रहा है।