गोरखपुर। थाना गोला क्षेत्र के नैवासा गांव में जमीन विवाद को लेकर एक परिवार ने दबंगई और धमकी के गंभीर आरोप लगाए हैं। कृष्ण कुमार मुरारी का आरोप है कि सत्यनारायण यादव द्वारा न केवल ग्राम सभा की बंजर जमीन पर कथित रूप से कब्जा किया गया है, बल्कि उनकी निजी जमीन पर भी कब्जा करने का प्रयास किया जा रहा है। पीड़ित परिवार का दावा है कि विवाद पिछले करीब छह वर्षों से चला आ रहा है और जमीन को लेकर लगातार दबाव बनाया जा रहा है। परिवार ने पुलिस और प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराकर न्याय और सुरक्षा की मांग की है।
पीड़ित कृष्ण कुमार मुरारी के मुताबिक विवादित भूमि ग्राम नैवासा, थाना गोला, तहसील गोला, जिला गोरखपुर तथा चांदपार, परगना घरियापार से संबंधित है। पीड़ित पक्ष द्वारा उपलब्ध कराए गए दस्तावेजों में भूमि के एक हिस्से का रकबा 1.619 हेक्टेयर में से 0.8095 हेक्टेयर दर्ज होने की बात सामने आती है। दस्तावेजों में भूमि की चौहद्दी में पूरब की ओर कच्चा चकमार्ग, पश्चिम में रामचन्दर, उत्तर में खेत काशी तथा दक्षिण में बंजर भूमि का उल्लेख किया गया है।
परिवार का आरोप है कि सत्यनारायण यादव ने नैवासा ग्राम सभा की बंजर जमीन की स्थिति का कथित रूप से फायदा उठाकर उस पर कब्जा कर लिया। इसके साथ ही कृष्ण कुमार मुरारी की निजी जमीन पर भी कब्जे का प्रयास किए जाने का आरोप लगाया गया है। पीड़ित पक्ष का कहना है कि जमीन पर वास्तविक अधिकार और कब्जे की स्थिति राजस्व अभिलेखों तथा मौके की जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकती है। इसलिए प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की गई है।
चार एकड़ जमीन को लेकर भी विवाद
कृष्ण कुमार मुरारी के परिवार की ओर से लगाए गए आरोपों के अनुसार शालिनी और वंदना के नाम दो-दो एकड़ जमीन दर्ज है। परिवार का आरोप है कि सत्यनारायण यादव इन दोनों के नाम दर्ज कुल करीब चार एकड़ जमीन को हड़पने का प्रयास कर रहे हैं। आरोप है कि जमीन अपने नाम कराने या जमीन का हिस्सा देने के लिए लगातार दबाव बनाया जा रहा है।
धोखे से दस्तावेजों पर हस्ताक्षर कराने का आरोप
पीड़ित परिवार ने यह भी आरोप लगाया है कि शालिनी और वंदना से जमीन से संबंधित दस्तावेजों पर कथित तौर पर धोखे से हस्ताक्षर कराए गए। परिवार का कहना है कि यदि दस्तावेजों में किसी प्रकार की अनियमितता या धोखाधड़ी हुई है तो उसकी भी जांच जरूरी है। पीड़ित पक्ष ने संबंधित दस्तावेजों की वैधता और उनके आधार पर हुए किसी भी लेनदेन की जांच कराने की मांग की है।
एक एकड़ जमीन देने का दबाव बनाने का आरोप
कृष्ण कुमार मुरारी का आरोप है कि सत्यनारायण यादव की ओर से उनसे करीब एक एकड़ जमीन देने की मांग की जा रही है। आरोप है कि मांग पूरी नहीं करने पर परिवार को गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी जाती है। पीड़ित का दावा है कि धमकी के दौरान देवरिया में यादव परिवार की हत्या की घटना का हवाला देते हुए उन्हें भी जान से मारने जैसी बातें कही गईं। हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
छह साल से विवाद, परिवार में भय का माहौल
पीड़ित परिवार का कहना है कि जमीन को लेकर विवाद करीब छह वर्षों से चला आ रहा है। लंबे समय से विवाद और कथित धमकियों के कारण परिवार खुद को असुरक्षित महसूस कर रहा है। उनका कहना है कि वे किसी प्रकार का विवाद या टकराव नहीं चाहते, बल्कि जमीन के स्वामित्व और कब्जे का फैसला राजस्व अभिलेखों तथा कानून के अनुसार होना चाहिए।
प्रशासन से निष्पक्ष जांच और सुरक्षा की गुहार
पीड़ित परिवार ने थाना गोला पुलिस और तहसील गोला के प्रशासनिक अधिकारियों से मांग की है कि नैवासा ग्राम सभा की बंजर जमीन तथा कृष्ण कुमार मुरारी की निजी जमीन की मौके पर जांच कराई जाए। साथ ही शालिनी और वंदना के नाम दर्ज बताई जा रही जमीन के दस्तावेजों की जांच, कथित कब्जे की स्थिति का सत्यापन और धमकी के आरोपों की जांच कर दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए।
परिवार का कहना है कि छह साल से चले आ रहे विवाद का अब निष्पक्ष तरीके से समाधान होना चाहिए, ताकि जमीन को लेकर किसी बड़े विवाद की स्थिति पैदा न हो और पीड़ित परिवार को सुरक्षा के साथ न्याय मिल सके।


