नोएडा। थाना फेस-02 क्षेत्र के नया गांव से करीब एक साल तीन महीने पहले लापता हुआ 22 वर्षीय दीपक आज तक अपने घर नहीं लौट सका है। 31 जुलाई 2025 को दीपक को घर से अशोक लेकर गया था वापस नहीं आया अशोक अकेला नशे की हालत में वापस आकर सो गया और दीपक के घर वालों में जब अशोक से पूछा तो अशोक ने दीपक के बारे में कोई जानकारी नहीं दी लंबे समय से लापता होने के कारण उसकी मां गुड्डी देवी का रो-रोकर बुरा हाल है। मां का कहना है कि दीपक परिवार का कमाने वाला और घर चलाने वाला इकलौता बेटा था। पिता के न होने के कारण परिवार की जिम्मेदारी भी उसी पर थी। अब बेटे के लापता होने के बाद परिवार के सामने भावनात्मक संकट के साथ-साथ आर्थिक परेशानी भी खड़ी हो गई है।
मिली जानकारी के अनुसार राहुल पुत्र त्रिलोकचन्द निवासी नया गांव, थाना फेस-02, नोएडा, गौतमबुद्धनगर ने अपने भाई दीपक की गुमशुदगी के संबंध में थाने में लिखित प्रार्थना पत्र दिया था। परिजनों के अनुसार दीपक उनके भाई दीपक को 31 जुलाई 2025 को अशोक लेकर गया है बिना किसी को बताए गया था। फिर वहां से अकेला आया निशे की हालत में ओर दीपक के बारे मे कोई जानकारी नहीं दी है इसके बाद रिश्तेदारों, परिचितों और संभावित स्थानों पर उसकी तलाश की, लेकिन काफी प्रयासों के बाद भी उसका कोई सुराग नहीं मिल सका। समय बीतता गया और अब दीपक को लापता हुए करीब एक साल तीन महीने हो चुके हैं।
पीड़ित मां गुड्डी देवी का कहना है कि दीपक ही परिवार में कमाने वाला और घर चलाने वाला मुख्य सहारा था। उनके अनुसार दीपक के पिता भी नहीं हैं और बेटे के लापता होने के बाद परिवार की स्थिति बेहद कठिन हो गई है। मां लगातार अपने बेटे की तलाश में इधर-उधर भटक रही हैं और उन्हें उम्मीद है कि किसी दिन दीपक के बारे में कोई जानकारी जरूर मिलेगी।
गुड्डी देवी ने कुछ लोगों पर दीपक के लापता होने में मदद करने का संदेह भी जताया है। मां के अनुसार हरिश्चंद्र, क्रांति, अशोक और भोले नाम के लोगों की भूमिका को लेकर परिवार को शक है। हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है और यह परिवार की ओर से जताया गया संदेह है। परिजनों की मांग है कि पुलिस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर यह पता लगाए कि दीपक आखिर किन परिस्थितियों में लापता हुआ और उसके बाद उसके साथ क्या हुआ।
मां गुड्डी देवी का यह भी आरोप है कि जब वह अपने बेटे की तलाश और कार्रवाई की मांग को लेकर थाने जाती हैं तो उन्हें कथित तौर पर डांट-फटकार कर वापस भेज दिया जाता है। उन्होंने नवीन दरोगा तथा जज, मोहन और रामेंद्र नाम बताए हैं और आरोप लगाया है कि उनकी ओर से मामले में सुनवाई नहीं की जा रही है। इन आरोपों की भी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। परिवार का कहना है कि वह लगातार अधिकारियों से अपने बेटे को तलाशने और मामले की गंभीरता से जांच कराने की मांग कर रहा है।
पुलिस द्वारा दीपक की गुमशुदगी की जांच की जा रही है। मामले की जांच उपनिरीक्षक नवनीत कुमार कर रहे हैं। परिवार की ओर से मांग की जा रही है कि दीपक के लंबे समय से लापता होने को देखते हुए उसकी तलाश को गंभीरता से आगे बढ़ाया जाए और संभावित सभी स्थानों पर उसकी खोज की जाए।
लापता दीपक की उम्र करीब 22 वर्ष है। उसका रंग सांवला और लंबाई करीब 5 फुट 5 इंच है। लापता होने के समय वह पीले रंग की टी-शर्ट और नीले रंग की पैंट पहने हुए था। उसके गले में तावीज भी रहता है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार दीपक दिमागी रूप से कमजोर और मंदबुद्धि बताया गया है। ऐसे में परिवार को उसकी सुरक्षा को लेकर विशेष चिंता बनी हुई है।
परिवार ने आम लोगों से दीपक की तलाश में सहयोग करने की अपील की है। यदि किसी व्यक्ति को दीपक दिखाई देता है या उसके संबंध में कोई विश्वसनीय जानकारी मिलती है तो तत्काल परिवार अथवा पुलिस को सूचना देने की अपील की गई है। परिवार की ओर से दीपक की सही जानकारी देने वाले व्यक्ति को 51 हजार रुपये का इनाम देने की घोषणा की गई है।
सूचना देने के लिए राहुल के मोबाइल नंबर 8851594018 और 9911881633 पर संपर्क किया जा सकता है। जांच अधिकारी उपनिरीक्षक नवनीत कुमार के मोबाइल नंबर 8595902618 पर भी सूचना दी जा सकती है। थाना फेस-02 नोएडा के प्रभारी निरीक्षक का मोबाइल नंबर 8595902538 बताया गया है। इसके अलावा 6395960215 नंबर पर भी दीपक के संबंध में सूचना देने की अपील की गई है।
परिवार की सबसे बड़ी चिंता यही है कि इतने लंबे समय बाद भी दीपक का कोई सुराग नहीं मिल सका है। मां गुड्डी देवी की अपील है कि यदि किसी व्यक्ति ने दीपक को कहीं देखा हो या उसके बारे में कोई जानकारी जानता हो तो सामने आए और परिवार को सूचना दे। परिवार का कहना है कि एक छोटी सी जानकारी भी उनके बेटे तक पहुंचने का रास्ता खोल सकती है।
सूचना देने वाले को 51,000 रुपये का इनाम दिया जाएगा। संपर्क करें: 6395960215


