दहेज की मांग पूरी नहीं होने पर हत्या का आरोप, परिजनों ने ससुराल पक्ष पर लगाया गंभीर आरोप, पुलिस से नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग
सीतामढ़ी। जिले के रीमा थाना क्षेत्र में विवाहिता रौशनी कुमारी की मौत का मामला अब गंभीर विवाद में बदल गया है। मृतका की मां शांति देवी ने अपनी बेटी की हत्या कर शव को साक्ष्य छिपाने की नीयत से सुनसान स्थान पर जलाने का आरोप ससुराल पक्ष के लोगों पर लगाया है। इस मामले में रीमा थाना कांड संख्या 300/26 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धाराओं 80, 61, 238 तथा दहेज प्रतिषेध अधिनियम की धाराओं 3 और 4 के तहत मामला दर्ज होने की बात सामने आई है।
मृतका की मां शांति देवी, पति सुरेश साह, निवासी ग्राम मचहा वार्ड नंबर 2, थाना और जिला सीतामढ़ी ने पुलिस अधिकारियों को दिए आवेदन में बताया कि उनकी बेटी रौशनी कुमारी की शादी 20 जुलाई 2026 को देवासी गांव निवासी नीरज कुमार, पिता गेमीलाल साह, वार्ड नंबर 8, थाना खड़िगा के साथ हुई थी। आरोप है कि शादी के समय परिवार की ओर से करीब तीन लाख रुपये नकद तथा सोना चांदी के आभूषण उपहार में दिए गए थे। इसके बावजूद ससुराल पक्ष की ओर से कथित रूप से अतिरिक्त दहेज में वाहन की मांग की जा रही थी।
शांति देवी का आरोप है कि दहेज की मांग पूरी नहीं होने के कारण उनकी बेटी को लगातार प्रताड़ित किया गया। आवेदन में ससुराल पक्ष के कई लोगों के नाम भी आरोपियों के रूप में बताए गए हैं। परिजनों का आरोप है कि 28 जुलाई 2026 को सभी आरोपियों ने मिलकर रौशनी कुमारी की हत्या कर दी और घटना के बाद साक्ष्य मिटाने के उद्देश्य से उसके शव को सुनसान स्थान पर ले जाकर देर रात जला दिया।
परिजनों के मुताबिक घटना की जानकारी उन्हें तत्काल नहीं दी गई। बाद में किसी स्थानीय व्यक्ति से सूचना मिलने पर परिवार को घटना का पता चला। जब तक मायके वाले मौके पर पहुंचते, तब तक शव को कथित रूप से जला दिया गया था और शव जलाने के बाद आरोपी वहां से फरार हो गए।
मामले की जांच के दौरान अनुसंधानकर्ता द्वारा घटनास्थल का निरीक्षण किए जाने और साक्ष्य जुटाए जाने की बात भी पीड़ित परिवार ने अपने आवेदन में कही है। परिवार का आरोप है कि मामला दर्ज होने के बावजूद अब तक नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई है, जिससे आरोपियों का मनोबल बढ़ा हुआ है।
धमकी देने का भी आरोप
मृतका की मां ने पुलिस अधीक्षक को दिए आवेदन में यह भी आरोप लगाया है कि मुकदमा वापस लेने और समझौता करने के लिए परिवार को धमकियां दी जा रही हैं। आवेदन में 7481060017 और 7493925861 नंबरों से धमकी भरे फोन आने का उल्लेख किया गया है। परिवार का कहना है कि उन्हें चेतावनी दी जा रही है कि यदि केस में समझौता नहीं किया गया तो उनके पति और पुत्र की भी हत्या कर दी जाएगी। धमकी के बाद पूरा परिवार भय और दहशत के माहौल में रहने को मजबूर है।
परिजनों ने पुलिस अधीक्षक से मांग की है कि मामले में नामजद आरोपियों के साथ धमकी देने वाले मोबाइल नंबरों के धारकों की भी जांच कर तत्काल कार्रवाई की जाए। परिवार ने आशंका जताई है कि आरोपी कभी भी उनके परिवार के सदस्यों को नुकसान पहुंचा सकते हैं।
स्थानीय लोगों से बातचीत में सामने आई एक और बात
मामले की जानकारी जुटाने के दौरान स्थानीय लोगों से बातचीत में यह बात भी सामने आई कि रौशनी का रिश्ता कराने वाले संजय नाम के एक युवक की भूमिका को लेकर भी परिवार की ओर से सवाल उठाए जा रहे हैं। मृतका के परिजनों का आरोप है कि संजय भी पूरे घटनाक्रम में शामिल हो सकता है। हालांकि इस आरोप की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और इसकी वास्तविकता पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
समझौते की चर्चा पर भड़का परिवार
मृतका के परिजनों का कहना है कि बेटी की मौत के बाद अब मामले को समझौते के जरिए खत्म करने की कोशिश की जा रही है। परिवार ने साफ कहा है कि रौशनी की मौत कोई छोटी घटना नहीं है और वे किसी भी प्रकार के दबाव में समझौता नहीं करना चाहते। उनका कहना है कि उन्हें पैसे या समझौता नहीं, बल्कि अपनी बेटी के लिए न्याय चाहिए।
मां शांति देवी ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष और गंभीरता से जांच कर सभी आरोपियों की भूमिका सामने लाई जाए। फरार आरोपियों को गिरफ्तार किया जाए और यदि जांच में हत्या तथा साक्ष्य मिटाने के आरोप सही पाए जाते हैं तो उनके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए।


